भौगोलिक-स्थानिक डाटा बैंक विभाग

दिन प्रतिदिन की जरूरतों को पूरा करने के लिए नॉलेज बेस जनरेशन एवं इंफॉर्मेशन शेयरिंग में रिमोट सेंसिंग सेटलाइट डाटा एवं उसके क्षमता एप्लीकेशन के जियोस्पाटियल टेक्नोलॉजी में सम्मिलित है। जियोस्पाटियल डाटा की क्षमता वर्धन करने हेतु, मुख्य जरूरत उपकरणों, तकनीकों एवं कुशल विशेषज्ञों का विकास एवं सुदृढ़ीकरण है, और साथ जमीनी स्तर के यूजर्स को डिजिटल प्रारूप में आउटपुट उत्पाद को प्रसारित करने की क्षमता का वर्धन भी सम्मिलित है। संसाधन/सुविधाएं उपलब्ध

  • केंद्र की शुरुआत से ही विभिन्न परियोजनाओं के तहत विभिन्न प्रकार के मैपों के साथ डाटाबैंक जिसमे टोपोग्राफिक शीट, एरियल फोटोग्राफ्स एवं सेटलाइट डाटा प्रोक्यर्ड एवं इस्तेमाल भी सम्मिलत हो।
  • विभिन्न पूर्ण परियोजनाओं के डिजिटल डाटाबेस आउटपुट।

डॉ. वी.राजमणी

डॉ. वी.राजमणी
पदनाम वैज्ञानिक-एसजी एवं जियोस्पाटियल डाटा बैंक अध्यक्ष
शैक्षणिक योग्यता एस.एससी (वाइल्डलाइफ बॉयोलॉजी) पीएच.डी.-(एन्वायरमेंटल रिमोट सेंसिंग)
विशेषज्ञता रिमोट सेंसिंग, जीआईएस, फॉरेस्ट रिसोर्सेज, ईकोलॉजी, वाईल्डलाइफ, एन्वायरमेंट, बायोडायवर्सिटी, लैण्डयूज/लैण्डकवर, जियोस्पाटियल डाटा आदि
अनुभव 24
प्रकाशन 12
संपर्क 0522-2731473/ 08765977647
ई-मेल v.rajamani@rsacup.org.in
विषय वस्तु शीघ्र उपलब्ध होगी।
  • एम्पावरिंग पंचायती राज इंस्टीट्यूशन्स सेप्यली (एपरिस) परियोजना एनआरएससी, हैदराबाद (जुलाई, 2016-दिसंबर, 2017) द्वारा, प्रोजेक्ट मैनेजर के तौर पर प्रायोजित
  • एनआरसी_एलयूएलसी प्रोजेक्ट-50 के मैपिंग-थर्ड साइकिल प्रोजेक्ट फॉर 34 डिस्ट्रिक्ट्स ऑफ वेस्टर्न उत्तर प्रदेश, एनआरएससी, हैदराबाद (अक्टूबर, 2016-दिसंबर, 2017) द्वारा प्रायोजित, बतौर को-प्रोजेक्ट मैनेजर
  • निर्धारित प्रारूप में प्रो-रोटा के आधार पर जरूरत के अनुसार विभिन्न यूजर विभागों (सरकारी/निजी/एकेडमिया) को डाटा प्रसार
  • पर्यावरण (देहरादून-मसूरी माईन बेल्ट एरिया) पर खनन गतिविधियां एवं सुपर थर्मल पावर स्टेशन का प्रभाव
  • हमीरपुर जिला, उत्तर प्रदेश में मौदहा डैम कैचमेंट एवं कमांड एरिया के पर्यावरणीय प्रभाव आकलन
  • पश्चिमी उत्तर प्रदेश के 24 जिलों में प्री-हार्वेस्ट व्हीट एक्रेज एस्टीमेशन (रबी 1989-90)
  • लैण्डसेट डाटा का इस्तेमाल कर टेहरी डैम कैचमेंट क्षेत्र में भूमि कटाव एवं वन कटाव आकलन
  • मिर्जापुर एवं सोनभद्र जिला, उत्तर प्रदेश में वेस्टलैण्ड्स की मैपिंग।
  • सोनभद्र जिला, उत्तर प्रदेश में फॉरेस्ट कवरिंग मैपिंग
  • इंटीग्रेटेड मिशन फॉर सस्टेनेबल डेवलपमेंट (आइएमएसडी)
  • नेशनल (नैचुरल) रिसोर्सेज इंफॉर्मेशन सिस्टम (एनआरआईएस)
  • उत्तर प्रदेश सोडिक लैण्ड्स रीक्लेमेशन प्रोजेक्ट (सुधार के पांचवें साल में सोडिक स्वायल साइट के कुछ जगहों में फ्लोरा एवं फौनल डायवर्सिटी एवं माइक्रोबायल बायोमास का मूल्यांकन)
  • उत्तर प्रदेश के टेरई क्षेत्र एवं विध्यान क्षेत्र में वनों का आकलन एवं अनुश्रवण
  • सोनभद्र जीआईएस पर पायलट अध्ययन
  • नेशनल वेटलैण्ड्स इंवेंटरी एवं असेसमेंट (एनडब्लूआईए)
  • फॉरेस्ट स्टॉक मैपिंग एण्ड वॉल्यूम एस्टीमेशन (एफएसएमवीई)
  • आईडेंटिफिकेशन ऑफ हेबीटेशन्स इन फॉरेस्ट लैण्ड्स (आईएचएफआई)
  • डल्ला सीमेंट फैक्टरी, डल्ला, सोनभद्र जिला के सिक्स माइन लीज़ साइट के पर्यावरणीय स्थितियों के आकलन हेतु डिजिटल डाटाबेस के क्रिएशन।
  • स्पेस-बेस्ड इंफॉर्मेशन सपोर्ट फॉर डिसेंट्रलाइज़ड प्लानिंग (एसआईएस-डीपी) एनआरएससी, हैदराबाद द्वारा परियोजना प्रायोजित (2011-2016)
  • एनआरसी_एलयूएलसी प्रोजेक्ट-50 के मैपिंग-सेकेन्ड साइकिल, एनआरएससी, हैदराबाद द्वारा प्रायोजित (2011-12)
  • असेसमेंट ऑफ फ्लोरल एण्ड फौनल बॉयडयवर्सिटी ऑफ वेटलैण्ड्स/बर्ड सैंक्च्यूरीज़ ऑफ उत्तर प्रदेश यूपीएसबीबी, लखनऊ द्वारा प्रायोजित (2013-14)
  • यूजर डिपार्टमेंट स्टडी-मथुरा रीफाइनरी प्लांट ग्रीनबेल्ट मैपिंग
  • यूपीडा प्रोजेक्ट-एलयूएलसी ऑलॉंग 100 एम बफर ऑफ लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे